तोरे नामके हम पुजेरी भ'गेलिय
।। गजल ।।
तोरे नामके हम पुजेरी भ'गेलिय
✍👤राम सोगार्थ यादव
तोरे यादमे हम गंजेरी भ'गेलियौ
तोरे नामके हम पुजेरी भ'गेलिय
बिडि सिकरेट सभ छोडा गेलही तों
मुदा हम दारुकें नसेरी भ'गेलिय
छातिकें चिरी बथियर कऽ गेलही तों
ओहे छाति सि सि क धुनेरी भ गेलियौ
तासकें पता जकाँ बदल्लहि जहिना
तहिना हम आब जुगेरी भ'गेलियौ
जखने चढलै प्यारकें नसा माथ पऽ
तखनेसँ तोहर पसेरी भ'गेलियौ
सरल वार्णिक -१४
✍👤राम सोगारथ यादव
पुरन्दहा ३
मिथिलेश्वर निकास
धनुषा(नेपाल)
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पोस्ट:- अशोक कुमार सहनी
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तोरे नामके हम पुजेरी भ'गेलिय
✍👤राम सोगार्थ यादव
तोरे यादमे हम गंजेरी भ'गेलियौ
तोरे नामके हम पुजेरी भ'गेलिय
बिडि सिकरेट सभ छोडा गेलही तों
मुदा हम दारुकें नसेरी भ'गेलिय
छातिकें चिरी बथियर कऽ गेलही तों
ओहे छाति सि सि क धुनेरी भ गेलियौ
तासकें पता जकाँ बदल्लहि जहिना
तहिना हम आब जुगेरी भ'गेलियौ
जखने चढलै प्यारकें नसा माथ पऽ
तखनेसँ तोहर पसेरी भ'गेलियौ
सरल वार्णिक -१४
✍👤राम सोगारथ यादव
पुरन्दहा ३
मिथिलेश्वर निकास
धनुषा(नेपाल)
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पोस्ट:- अशोक कुमार सहनी
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