टुटल जीवनक ठाईंर तखने
जखन हमरा छोइर गेल्यै आहाँ।
अनहार भेल जीवन तखने
जखन मुह मोइर गेल्यै अाहाँ।
परल रस्ता पर कांट तखने
जखन डेग पछारी केल्यै आहाँ
सब स्वप्न उजैर गेल तखने
जखन हांथ पर हांथ नै रखल्यै आहाँ।
अर्थी पर सजल्यै हम तखने
जखन डोली पर बैठल्यै आहाँ।
~~💘आनन्द राम💘
गाऊँ:-बर्छवा ९ सिस्वनी
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