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रंग खेलितौं मैथिलि होली गीत

*रंग खेलितौं मैथिलि होली गीत*


✍👤सूरज भारती
पिया फगुआ में, गाम चैल अईतौं, होली में संगे रंग खेलितौं.
होली में संगे रंग खेलितौं यौ, होली में संगे रंग खेलितौं..
नेहक बोर सँ, पुआ के छैनतौं, होली में संगे रंग खेलितौं.
पिया फगुआ में, गाम चैल अईतौं, होली में संगे रंग खेलितौं..

बीत गेल दुर्गापूजा, बीतल दिवाली यौ.
दैया उपराग पिया, ठोरक लाली यौ..
आईब गाम, करेज सँ सटैतौं, होली में संगे रंग खेलितौं.
पिया फगुआ में, गाम चैल अईतौं, होली में संगे रंग खेलितौं..

चुरी लहठी बिंदीया पायल, किछु नै चाही यौ.
प्रीतक मिलन लेल मोन अछि, मचेने तबाही यौ..
धीरक ओझरल, डोर सोझरैतौं, होली में संगे रंग खेलयितौं..
पिया फगुआ में, गाम चैल, अईतौं, होली में संगे रंग खेलितौं..

तकिया के साईट सूरज, राईत बिताबै छी.
दिलक दर्द लिखी, चिट्ठी में पटाबै छी..
हम्मर प्यासल, हिया के जुरैतौं, होली में संगे रंग खेलितौं.
पिया फगुआ में, गाम चैल अईतौं, होली में संगे रंग खेलितौं...

(तर्ज - दिल देता है रो रो दुहाई, किसी से कोई प्यार ना करे)
                  
              गीतकार - सूरज भारती (8674940513)



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पोस्ट :- अशोक कुमार सहनी
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