बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
।।विवाह ।।
बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
डी के नेपाली /दिनेश रसिया
विवाह दु गोट आत्माके मिलन अछि
नव वर बधु जैहमे परैत अछि
जन्मल संसार छोईर सासुर बैस जाईत अछि
लेकिन भगवान बेटिये के किये इ दिन देखाबैत अछि
बिवाहक ओइ जोडीमे नव घर बसाउात
इहे आश ल अगाडी बढैत अछि माई बाप
ओही जोडीके बीचमे ल पिसाबैत अछि समाज
दहेज रुपी कफ्नामे जरैत अछि समाज
घरक ओही मmोलमे खसबैत ओ तेल
मरबा सा घुरैत अछि वर होइत नई अछि मेल
समाजक ई गन्दगी सा बैच जाईत जौ कोई
शशुरमे आईग लगा हुन्का माइर दैत अछि ओ
केहेन विपत्तीमे फसल अछि इ समाज
बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
ई बिवाहके कनङ हेतै उधार
जगु यौ युवा करु दहेजक प्रतिकार
शशुरमे आईग लगा हुन्का माइर दैत अछि ओ
केहेन विपत्तीमे फसल अछि इ समाज
बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
ई बिवाहके कनङ हेतै उधार
जगु यौ युवा करु दहेजक प्रतिकार
लेखक ,दिनेश रसिया
लहान
बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
डी के नेपाली /दिनेश रसिया
विवाह दु गोट आत्माके मिलन अछि
नव वर बधु जैहमे परैत अछि
जन्मल संसार छोईर सासुर बैस जाईत अछि
लेकिन भगवान बेटिये के किये इ दिन देखाबैत अछि
बिवाहक ओइ जोडीमे नव घर बसाउात
इहे आश ल अगाडी बढैत अछि माई बाप
ओही जोडीके बीचमे ल पिसाबैत अछि समाज
दहेज रुपी कफ्नामे जरैत अछि समाज
घरक ओही मmोलमे खसबैत ओ तेल
मरबा सा घुरैत अछि वर होइत नई अछि मेल
समाजक ई गन्दगी सा बैच जाईत जौ कोई
शशुरमे आईग लगा हुन्का माइर दैत अछि ओ
केहेन विपत्तीमे फसल अछि इ समाज
बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
ई बिवाहके कनङ हेतै उधार
जगु यौ युवा करु दहेजक प्रतिकार
शशुरमे आईग लगा हुन्का माइर दैत अछि ओ
केहेन विपत्तीमे फसल अछि इ समाज
बिवाह बन्ल अछि ढौवा कौरीके बजार
ई बिवाहके कनङ हेतै उधार
जगु यौ युवा करु दहेजक प्रतिकार
लेखक ,दिनेश रसिया
लहान

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