बीप्रेक ( बीहनि प्रेम कथा ) 💘 अनुभव
.💞 बीप्रेक ( बीहनि प्रेम कथा )
💘 अनुभव
~ झा साहेब - - - झा साहेब - - - -
( इ सुनियो के अनसुना कए दैत छथि आ नहुए आगू दिस बढ़ि जाइत। परंच कनिए विरामक बाद कान्ह पर कोमल सन स्पर्शक संग तनावपूर्ण अनुभव होइत छैक । ) हम अहीं के कहैत छी ।
~ की ? आंय ! अहाँ - - - !
~ हं हं हम ! एना अक-चकेलौ किआ ?
~ नै नै - - बस ओहिना कने भ्रम भेल ।
~ किआ नै ! अरे हम तऽ पहिने बुझलौ जे आब अहाँके हम फूटली आँखिए नै सोहाइत छी ।
~ अरे अहाँ एना किआ सोचैत छी ?
~ तखन की सोचब, की बुझब ? सिनेह जतेबाक बात तऽ दूर जाय दिऔ अहाँ हमरा दिश तकबा तक सँऽ परहेज करैत छी । हम ततेक अधलाह - - 😰
~ से बात नै छै ।
~ एहन कोन बात छै तखन ?
~ कोना के बताबी जे हमरा अहाँ सँऽ कतेक - - - परंच ?
~ परंच ?
~ हम नै चाहैत छी जे - - - हमरा गेला उपरांत अहाँ पर किओ लांछन मढ़ए ।
~ मतलब - - ?
~ आब हम बेसी दिनका मेहमान नै छी ।
✍ वी०सी०झा"बमबम"
कैथिनियाँ
💘 अनुभव
~ झा साहेब - - - झा साहेब - - - -
( इ सुनियो के अनसुना कए दैत छथि आ नहुए आगू दिस बढ़ि जाइत। परंच कनिए विरामक बाद कान्ह पर कोमल सन स्पर्शक संग तनावपूर्ण अनुभव होइत छैक । ) हम अहीं के कहैत छी ।
~ की ? आंय ! अहाँ - - - !
~ हं हं हम ! एना अक-चकेलौ किआ ?
~ नै नै - - बस ओहिना कने भ्रम भेल ।
~ किआ नै ! अरे हम तऽ पहिने बुझलौ जे आब अहाँके हम फूटली आँखिए नै सोहाइत छी ।
~ अरे अहाँ एना किआ सोचैत छी ?
~ तखन की सोचब, की बुझब ? सिनेह जतेबाक बात तऽ दूर जाय दिऔ अहाँ हमरा दिश तकबा तक सँऽ परहेज करैत छी । हम ततेक अधलाह - - 😰
~ से बात नै छै ।
~ एहन कोन बात छै तखन ?
~ कोना के बताबी जे हमरा अहाँ सँऽ कतेक - - - परंच ?
~ परंच ?
~ हम नै चाहैत छी जे - - - हमरा गेला उपरांत अहाँ पर किओ लांछन मढ़ए ।
~ मतलब - - ?
~ आब हम बेसी दिनका मेहमान नै छी ।
![]() |
| लेखक वी०सी०झा"बमबम" जी |
✍ वी०सी०झा"बमबम"
कैथिनियाँ


कोई टिप्पणी नहीं