आवश्यकता "सोसल ईन्टरप्राइजेज" के:
आवश्यकता "सोसल ईन्टरप्राइजेज" के:
अशोक कुमार सहनी, दोहा क़तार, अपन मिथिला / बैशाख १० गते , हस्तकलाके व्यावसायिकता यदि भेटैत छै त अपन सबहक समाजक महिलाके दक्षता, कार्यकुशलताके उपयोग हेतै आ हुनकर सबहक रुचिके काज भेटतै l अहि सं प्राप्त आय सं अपन सबहक ग्रामिण जीवन के आर्थिक स्तर उठि सकैत छै, महिलाके जीवन स्तर उठि सकैत छै l
समाजक उत्थान आ विकासक लेल प्रतिवद्ध जमात के ई बात ध्यान में राखक चाही l
महिला स्वालम्बन सं समाजमें व्याप्त बहुत कूरितीक अन्त सम्भव छै l
अखैन बहुत रास सहकारिता खूलल छै लेकिन बेसी मात्र छोट कर्जा लगानी दिस केन्द्रित छै, किछ एन.जी.ओ. महिला के ट्रेनीँग द क मात्र अपन काजके ईति श्री क लैत छै आब जरुरी छै एहन सँस्था सबके जे ग्राम केन्द्रित "सोसल ईन्टरप्राईज" खोलैमहिला तालीमके फायदा उठाबै आ अपन व्यापारमें ग्रामिण महिलाके सहभागी करबैत अपनो कमाई करै आ अपन सदस्य सबके सेहो गारन्टीड रोजगार द सकए l
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अशोक कुमार सहनी, दोहा क़तार, अपन मिथिला / बैशाख १० गते , हस्तकलाके व्यावसायिकता यदि भेटैत छै त अपन सबहक समाजक महिलाके दक्षता, कार्यकुशलताके उपयोग हेतै आ हुनकर सबहक रुचिके काज भेटतै l अहि सं प्राप्त आय सं अपन सबहक ग्रामिण जीवन के आर्थिक स्तर उठि सकैत छै, महिलाके जीवन स्तर उठि सकैत छै l
समाजक उत्थान आ विकासक लेल प्रतिवद्ध जमात के ई बात ध्यान में राखक चाही l
महिला स्वालम्बन सं समाजमें व्याप्त बहुत कूरितीक अन्त सम्भव छै l
अखैन बहुत रास सहकारिता खूलल छै लेकिन बेसी मात्र छोट कर्जा लगानी दिस केन्द्रित छै, किछ एन.जी.ओ. महिला के ट्रेनीँग द क मात्र अपन काजके ईति श्री क लैत छै आब जरुरी छै एहन सँस्था सबके जे ग्राम केन्द्रित "सोसल ईन्टरप्राईज" खोलैमहिला तालीमके फायदा उठाबै आ अपन व्यापारमें ग्रामिण महिलाके सहभागी करबैत अपनो कमाई करै आ अपन सदस्य सबके सेहो गारन्टीड रोजगार द सकए l
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